
रूद्रपुर. :बेमौसम आंधी, तूफान और भारी ओलावृष्टि के कारण फसलों को पहुंचे भारी नुकसान को लेकर कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने कलेक्ट्रेट पहुंचकर सांकेतिक प्रदर्शन किया। इस दौरान किसान कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष हरेन्द्र सिंह लाडी और कांग्रेस जिलाध्यक्ष के नेतृत्व में प्रतिनिधियों ने अपर जिलाधिकारी पंकज उपाध्याय के माध्यम से मुख्यमंत्री उत्तराखंड सरकार को ज्ञापन प्रेषित किया। कांग्रेस नेताओं ने प्रशासन को स्पष्ट चेतावनी दी कि यदि तीन दिनों के भीतर किसानों की जायज मांगों पर सकारात्मक और त्वरित कार्रवाई नहीं की गई तो पूरे जिले भर में उग्र और व्यापक आंदोलन शुरू किया जाएगा।
ज्ञापन के माध्यम से अवगत कराया गया कि हाल ही में आई भीषण प्राकृतिक आपदा के कारण क्षेत्र में धान, गन्ने तथा अन्य सभी प्रकार की फसलें पूरी तरह से बर्बाद हो चुकी हैं। इससे किसान गंभीर आर्थिक संकट के दौर से गुजर रहे हैं। कांग्रेस ने मांग उठाई कि बर्बाद हुई धान की फसल के लिए किसानों को 50 हजार रुपये प्रति एकड़ की दर से तुरंत राहत मुआवजा प्रदान किया जाए। इसके साथ ही ओलावृष्टि से नष्ट हुई गन्ने और अन्य वैकल्पिक फसलों का भी उचित मुआवजा घोषित किया जाए।
कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने संकटग्रस्त किसानों के सभी बिजली के बिल तुरंत प्रभाव से माफ करने और आगामी पेराई सत्र के लिए गन्ने का समर्थन मूल्य 700 रुपये प्रति कुंतल निर्धारित करने की पुरजोर मांग की। इसके अतिरिक्त यह भी जोर देकर कहा गया कि उत्तराखंड की तमाम चीनी मिलों को नवंबर माह के प्रथम सप्ताह में अनिवार्य रूप से चालू कर दिया जाए ताकि किसान समय पर अपने खेतों को खाली करके गेहूं की बुआई का कार्य प्रारंभ कर सकें।
इस अवसर पर किसान कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष हरेंद्र सिंह लाडी, कांग्रेस जिलाध्यक्ष, पूर्व विधायक राजकुमार ठुकराल, किसान कांग्रेस जिलाध्यक्ष सोनू कंग, राजेंद्र सिंह, त्रिनाथ विश्वास, चेतन मांगट, किशोर हाल्दार, शराफत अली मंसूरी, अंकुर चावला, विक्रमजीत सिंह, प्रीति साना, मोनिका ढाली, उमा सरकार, हरभजन सिंह, गुरबक्श सिंह, नवदीप कंग, ललित बिष्ट और केरू मण्डल प्रमुख रूप से मौजूद रहे।

