भारत सरकार और राष्ट्रपति द्वारा उनकी स्थायी नियुक्ति को मंजूरी मिलने के बाद, आज (सोमवार) सुबह 10:00 बजे हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस कोर्ट रूम में उनका शपथ ग्रहण समारोह आयोजित किया गया!


उत्तराखंड हाईकोर्ट (नैनीताल) के अतिरिक्त न्यायाधीश जस्टिस सुभाष उपाध्याय को स्थायी न्यायाधीश (Permanent Judge) नियुक्त किया गया है।
भारत सरकार और राष्ट्रपति द्वारा उनकी स्थायी नियुक्ति को मंजूरी मिलने के बाद, 5 अक्टूबर 2026 (सोमवार) सुबह 10:00 बजे हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस कोर्ट रूम में उनका शपथ ग्रहण समारोह आयोजित किया गया।
- स्थायी नियुक्ति: जस्टिस सुभाष उपाध्याय को मई 2025 में उत्तराखंड हाईकोर्ट का एडिशनल जज नियुक्त किया गया था। हाल ही में सुप्रीम कोर्ट कोलेजियम की सिफारिश के बाद राष्ट्रपति ने उन्हें स्थायी न्यायाधीश के रूप में कार्यभार संभालने की मंजूरी दी।
- शपथा ग्रहण समारोह: रजिस्ट्रार जनरल योगेश कुमार गुप्ता द्वारा अधिसूचना जारी कर दी गई है। इससे पूर्व नैनीताल स्थित उच्च न्यायालय के मुख्य न्यायाधीश कोर्ट में आज फुल कोर्ट रैफरेंस के बीच रजिस्ट्रार जर्नल योगेश कुमार गुप्ता ने मुख्य न्यायाधीश से प्रोसिडिंग शुरू करने की अनुमाती मांगी। इसके बाद नौटिफिकेशन को पढ़ा गया। इसमें, भारत सरकार के अपर सचिव जगन्नाथ श्रीवास्तव के एक अक्टूबर को भारत के राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के हस्ताक्षरों के बाद जारी पत्र में अतिरिक्त न्यायाधीश से स्थायी न्यायाधीश के रूप में शपथ लेने को कहा गया था। न्यायमूर्ति सुभाष उपाध्याय व अन्य न्यायाधीशों के परिवार भी इस मौके पर उपस्थित रहे।
- रे.जर्नल ने राज्यपाल ले.जरनल गुरमीत सिंह के पत्र को पढ़ा। तत्पश्चात, मुख्य न्यायाधीश मंनोज कुमार गुप्ता द्वारा अतिरिक्त न्यायाधीश सुभाष उपाध्याय को स्थायी न्यायाधीश की शपथ ग्रहण कराई गई और हस्ताक्षर लिए गए। इसके बाद कोर्ट प्रोसिडिंग को बंद कर दिया गया। इस मौके पर डायस पर वरिष्ठ न्यायाधीश मंनोज कुमार तिवारी, न्यायमूर्ति राकेश थपलियाल, न्यायमूर्ति पंकज पुरोहित, न्यायमूर्ति आलोक मेहरा और न्यायमूर्ति सिद्धारत साह रहे जबकि न्यायमूर्ति रविन्द्र इस मौके पर अनुपस्थित दिखे।
ADVERTISEMENTS

