“प्रधानमंत्री ने डाट काली मंदिर में बच्चियों ने महिषासुरमर्दिनी स्तोत्रम् का पाठ किया, वहीं, पीएम मोदी ने भी बच्चियों के पाठ को उनके साथ खड़े रहकर सुना’…

देहरादून:उत्तराखंड में प्रवेश करते ही शिवालिक की तलहटी में स्थित मां डाट काली मंदिर पीएम मोदी के प्रस्तावित पूजन कार्यक्रम के चलते इन दिनों मंदिर चर्चाओं में है। खास बात यह है कि मंदिर का एक हिस्सा उत्तर प्रदेश तो दूसरा उत्तराखंड में आता है l प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज 11,963 करोड़ की लागत से बने 210 किमी लंबे दिल्ली-देहरादून इकोनॉमिक कॉरिडोर का लोकार्पण करेंगे। इससे पहले पीएम मोदी सिद्धपीठ मां काली का आशीर्वाद लेने मां डाट काली मंदिर पहुंचे। यहां उन्होंने दस मिनट तक पूजा अर्चना की।इस दौरान डाट काली मंदिर में बच्चियों ने महिषासुरमर्दिनी स्तोत्रम् का पाठ किया। वहीं, पीएम मोदी ने भी बच्चियों के पाठ को उनके साथ खड़े रहकर सुना। उल्लेखनीय है किनाम से जुड़ा इतिहास, मां डाट काली मंदिर है खास
उत्तराखंड में प्रवेश करते ही शिवालिक की तलहटी में स्थित मां डाट काली मंदिर पीएम मोदी के प्रस्तावित पूजन कार्यक्रम के चलते इन दिनों मंदिर चर्चाओं में है। खास बात यह है कि मंदिर का एक हिस्सा उत्तर प्रदेश तो दूसरा उत्तराखंड में आता है। मान्यता है कि जब देहरादून-सहारनपुर राजमार्ग पर अंग्रेज टनल का निर्माण कर रहे थे तो बार-बार बाधा आ रही थी। एक रात निर्माण में लगे इंजीनियर के सपने में मां काली आईं और उनके कहने पर 1804 में पिंडी को स्थापित किया गया। इसके बाद ही मंदिर का नाम मां डाट काली रखा गया। माना जाता है कि नया वाहन लेने पर चुनरी बंधवाने पर माता रानी स्वयं भक्त और वाहन की रक्षा करती हैं।