रुद्रपुर: पत्रकार प्रेस परिषद (भारत) ने हिंदी पत्राकारिता दिवस पर पत्रकारों को किया सम्मानित!

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‘रुद्रपुर मैं कई वर्षों से बंद पड़े प्रेस क्लब एवं कई वर्षों से जिला स्थाई समिति की बैठक न होने के कारण पत्रकारों के स्थानीय समस्याओं का समाधान नहीं हो पता है, शीघ्र ही मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन प्रेषित किया जाएगा:’ गुलाटी..


रुद्रपुर। हिंदी पत्रकारिता दिवस के अवसर पर पत्रकार प्रेस परिषद (भारत) के द्वारा नगर निगम सभागार में पत्रकार सम्मान समारोह का आयोजन किया गया जिसमें पत्रकार प्रेस परिषद (भारत) से जुड़े पत्रकार व शहर के तमाम पत्राकारों ने शिकरत की।
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में युनिटी लाॅ काॅलेज के प्राचार्या कुन्दन सिंह राठौर व विशिष्ट अतिथि पत्रकार प्रेस परिषद (भारत) के उत्तराखंड प्रदेश अध्यक्ष आशेक गुलाटी ने कार्यक्रम की शोभा बढ़ाई।
समारोह में पत्रकारिता क्षेत्रा में उल्लेखनीय योगदान देने वाले पत्रकारों को सम्मानित किया गया। मंच संचालन पत्रकार प्रेस परिषद (भारत) के रुद्रपुर के महानगर अध्यक्ष अमन सिंह ने किया, जिन्होंने समारोह की गरिमा को कुशलतापूर्वक बनाए रखा।
समारोह के दौरान पत्रकारों की सामाजिक और पेशेवर चुनौतियों पर खुलकर चर्चा हुई।
इस अवसर पर पत्रकार प्रेस परिषद (भारत) के जिला अध्यक्ष नरेन्द्र राठौर, महामंत्री महेन्द्र पोपली, जिला उपाध्यक्ष बरित सिंह,रुद्रपुर महानगर अध्यक्ष अमन सिंह, नगर उपाध्यक्ष विनोद आर्य, नगर सगंठन मंत्री मनीष, मीडिया प्रभारी विशाल मेहरा, नागेन्द्र सिंह,सहित वरिष्ठ पत्रकार कमल श्रीवास्तव, ललित शर्मा, आकाश अहुजा, भूपेश छिमवाल, वीरेंद्र कुमार आर्य, शिवम दास, शाहीद खान,सुरेन्द्र शर्मा, चन्द्रसेन गंगवर, राजकुमार शर्मा, सत्यजीत, विजय गुप्ता, दिनेश चौधरी, अंकुर चुघ, अर्जुन कुमार,रवि, जमील अहमद, रामबाबू, वरिष्ठ अधिवक्ता ए.पी. आजाद समेत बड़ी संख्या में पत्रकारों की उपस्थिति ने आयोजन को प्रभावशाली बना दिया। पत्रकार प्रेस परिषद उत्तराखंड अध्यक्ष उत्तर प्रदेश प्रभारी राष्ट्रीय सचिव अशोक गुलाटी ने संबोधित करते हुए कहा जब पत्रकारिता दिवस आती तो हमें बधाईयां दी जाती है ,
परंतु जब हम आपके लिए जमीनी मुद्दा उठाते तो शिकायतकर्ता, आगे चलकर पीछे हो जाता और झेलना हमारे समस्त पत्रकारों को करना पड़ता उसका सामना,

आज पत्रकारों के कलम को जिस प्रकार से जंजीरों में जकड़ कर रखने का प्रयास हो रहा है वो लोकतंत्र के लिए शर्मनाक है। मौजूदा हालात पर किसी शायर का एक शेर एकदम सटीक बैठता है।

“महसूस ये होता है कि ये दौरे तबाही है ,शीशे की अदालत है पत्थर की गवाही है”, उन्होंने कहा बरसों से कि रुद्रपुर प्रेस क्लब बंद पड़े एवं कई वर्षों से जिला स्थाई समिति की बैठक न होने के कारण पत्रकारों के स्थानीय समस्याओं का समाधान नहीं हो पता है, शीघ्र ही मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन प्रेषित किया जाएगा, उन्होंने आवाहन किया की सभी पत्रकार साथी एक झंडे के नीचे आए और एकजुट होकर समस्या का समाधान करें।

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