जम्मू,( विशेष संवाददाता)। मां वैष्णो देवी के दरबार में दुखदाई हादसा हो गया भगदड़ में एक दर्जन लोगों की जान चली गई 1 दर्जन से अधिक अन्य घायल हैं जिनका अस्पताल में इलाज चल रहा हैनया साल श्रद्धालु मां के दरबार में साल के पहले दिन खुशियां मनाने के लिए पूरे भारत पर से यहां पहुंचते हैं लाखों भक्त माता वैष्णो देवी के दरबार भी पहुंचते हैं, साल के प्रथम दिन शनिवार भक्तों के लिए काला दिन साबित हो गया । विवरण के घटना अचानक मची भगदड़ ने 12 लोगों की जान ले ली। वहीं 13 अन्य श्रद्धालु घायल हैं जिन्हें इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। हादसा भीड़ में दो लोगों की आपसी बहस के बाद हुआ। मामले को जम्मू कश्मीर के महानिदेशक दिलबाग सिंह ने मीडिया को बताया है कि शुरुआती जांच में पता चला है कुछ श्रद्धालुओं की आपस मेंबहस हुई थी l जिससे आपस में धक्का मुक्की करने लगे, भगदड़ मच गई. घटना रात 2:45 बजे की बताई।जा रही है।
सुरक्षा l कोई पुख्ता इंतजाम नहीं
वहीं मौके पर मौजूद प्रत्यक्षदर्शियोंश्रद्धालुओं ने कहा कि लगभग ढाई-तीन लाख लोगों की भीड़ थी। आने जाने वाली लाइन अलग नहीं की गई थी। कोई नियम नहीं था। भीड़ इतनी ज्यादा हो गई कि लोगों के बीच धक्का-मुक्की होने लगी। एक-दूसरे पर गिरने लगे और अपनों को बचाने के लिए भक्तगण भागने शुरू हो गए । इसी में भगदड़ मच गई। दर्शन के लिए पहुंचे लोगों में कई ऐसे थे जिन्होंने बताया कि हर साल दर्शन के लिए आते हैं बीते दो साल से कोरोना के चलते दर्शन करने नहीं आए थे। कभी इतनी भीड़ नहीं हुई लेकिन इतनी भीड़ थी कि एक दूसरे पर गिरे पड़ रहे थे। इसका बड़ा मुख्य कारण यह था यही थी कि बीते दो वर्षों से कोरोना के चलते भक्तगण करने नहीं पहुंच पाए थे।l
प्रधानमंत्री ने घटना पर जताया दुख
इसी बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने घटना पर दुख जताते हुए प्रधानमंत्री राष्ट्रीय राहत कोष से मृतकों को 2 लाख और घायलों को 50 हजाररुपये के मुआवजे की घोषणा की है। बताया जा रहा है कि मरने वाले श्रद्धालु यूपी और हरियाणा के रहने वाले हैं।
राज्य सरकार की ओर से भी मुआवजा
जम्मू कश्मीर के उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने हादसे में मारे गए लोगों के परिजनों को 10 लाख का मुआवजा देने का एलान किया है। वहीं, घायलों के इलाज के लिए 2 हजार दिए जाएंगे।


