हल्द्वानी:जिलाधिकारी नैनीताल ललित मोहन रयाल ने की, विकास कार्यों एवं जनकल्याणकारी योजनाओं की गहन समीक्षा,मानसून काल में शत प्रतिशत लक्ष्य के सापेक्ष पौधारोपण के दिए निर्देश,20-सूत्री एवं 25-सूत्री कार्यक्रमों की सेक्टरवार प्रगति पर दिए कड़े निर्देश, लंबित कार्यों को समयबद्ध पूर्ण करने के आदेश!! ashok gulati एडिटर इन चीफ

खबर शेयर करें -

हल्द्वानी 14 जुलाई ।

जिलाधिकारी ललित मोहन रयाल की अध्यक्षता में मंगलवार को सर्किट हाउस हल्द्वानी में जिले में संचालित विभिन्न विकास कार्यों एवं जनकल्याणकारी योजनाओं की प्रगति की विस्तृत समीक्षा बैठक आयोजित की गई।

बैठक में जिलाधिकारी ने जिला, राज्य एवं केंद्र पोषित योजनाओं के साथ-साथ 20-सूत्री एवं 25-सूत्री कार्यक्रमों की सेक्टरवार प्रगति की गहन समीक्षा की। उन्होंने कहा कि सरकार की प्राथमिकता है कि विकास योजनाओं का लाभ अंतिम पंक्ति में खड़े व्यक्ति तक समय से और पारदर्शिता के साथ पहुंचे।

जिलाधिकारी ने कहा कि विभागों को जिस प्रयोजन हेतु धनराशि आवंटित की गई है,उसी प्रयोजन में धनराशि व्यय होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि निर्माण कार्यों में गुणवत्त्ता का विशेष ध्यान रखा जाय। गुणवत्त्ता में किसी भी प्रकार का समझौता नहीं किया जाएगा। सभी कार्यदाई संस्था यह सुनिश्चित करें कि कार्य समय पर पूर्ण हो इसका ध्यान रखा जाय। समय पर निविदा आदि कार्यवाही हो जानी चाहिए।उन्होंने कहा कि धनराशि का पूर्ण सदुपयोग होना चाहिए।खराब गुणवत्ता पर संबंधित से वसूली की जाएगी।

   जिलाधिकारी ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि वह समय समय पर निर्माण कार्य स्थल का भी निरीक्षण करें, निगरानी रखे रहें। उन्होंने  सभी कार्यदाई संस्थाओं को निर्देश दिए कि प्रत्येक कार्य स्थल पर साईड इंजीनियर उपस्थित रहे यह भी सुनिश्चित किया जाय।

जिलाधिकारी ने विभागों को रोजगार परख योजनाओं को बढ़ावा देते हुए ग्रामीण क्षेत्रों में कृषि,ओद्यानिक क्षेत्र में अधिकाधिक कार्य करने के निर्देश दिए।

जिलाधिकारी ने कृषि उद्यान, सहकारिता विभागों को निर्देश दिए कि किसानों को जो भी उर्बरक, कृषि यंत्र, बीज,उपकरण आदि जो भी वितरित किए जाते हैं वह गुणवत्त्ता युक्त होने चाहिए।

जिलाधिकारी ने सिंचाई विभाग को निर्देश दिए कि किसानों को सिंचाई की उचित एवं समय पर सुविधा हो इस हेतु समय से सिंचाई नहरों एवं गूलों की मरम्मत की जाय।

जिलाधिकारी ने वन, उद्यान, कृषि, सहकारिता, भेषज व विकास विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए कि पौधारोपण हेतु अभी मॉनसून काल सही है इस हेतु विभाग अधिक से अधिक संख्या में पौधारोपण करना सुनिश्चित करें।

सिंचाई विभाग की समीक्षा के दौरान जिलाधिकारी ने जिले के सभी तीनों खंडों द्वारा अभी तक अनेक कार्य प्रारम्भ न किए जाने पर मुख्य विकास अधिकारी को सभी कार्यस्थलों का टीम के माध्यम से निरीक्षण karne के निर्देश दिए हैं।

उरेडा विभाग की समीक्षा के दौरान जिलाधिकारी ने परियोजना अधिकारी उरेडा को निर्देश दिए कि, इस वर्ष सोलर लाइट हेतु जो भी धनराशि मिली है उससे प्राथमिकता वाले स्थानों जिसमें जिन क्षेत्रों में लगातार मानव-वन्य जीव संघर्षों की घटनाएं घटित हो रही हैं उन क्षेत्रों के साथ ही ऐसे गांव जो घने जंगल की सीमा के निकट हैं व जिले के सभी शैडो एरिया वाले स्थानों को सोलर लाइट लगाए जाने में प्राथमिकता दी जाय।

जिलाधिकारी ने बेतालघाट में लोनिवि रामनगर खण्ड द्वारा 90 लाख में बनाई गई ट्रॉली के अभी तक संचालन न होने व अधूरे कार्य पर नाराजगी व्यक्त करते हुए सख्त रुख अपनाते हुए मुख्य विकास अधिकारी को जांच के निर्देश दिए और कहा कि जिस भी अधिकारी की प्रस्ताव बनाने से लेकर वर्तमान तक की जिम्मेदारी है, उसके खिलाफ रिपोर्ट तैयार कर उन्हें उपलब्ध कराएं।

सेक्टरवार प्रगति की समीक्षा करते हुए स्वास्थ्य, शिक्षा, कृषि, उद्यान, ग्रामीण विकास, पेयजल, सड़क, विद्युत, समाज कल्याण एवं अन्य विभागों द्वारा संचालित योजनाओं की भौतिक एवं वित्तीय प्रगति की बिंदुवार समीक्षा की गई। जिन सेक्टरों में लक्ष्य के सापेक्ष प्रगति कम पाई गई, वहां विशेष अभियान चलाकर गति बढ़ाने के निर्देश दिए गए।

*20-सूत्री एवं 25-सूत्री कार्यक्रम की समीक्षा करते हुए जिलाधिकारी ने इन कार्यक्रमों के अंतर्गत संचालित योजनाओं की विस्तृत समीक्षा करते हुए संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि सभी बिंदुओं पर निर्धारित लक्ष्य शत-प्रतिशत पूर्ण किए जाएं। उन्होंने कहा कि जो विभाग वर्तमान में डी श्रेणी में हैं, वह अभी से बिशेष प्रयास कर ए श्रेणी में लाने के निर्देश दिए। उन्होंने लाभार्थी चयन में पारदर्शिता बरतने और शिकायतों का त्वरित निस्तारण सुनिश्चित करने को कहा।

बैठक में जिलाधिकारी द्वारा विभागवार उपलब्धियों, चल रहे निर्माण कार्यों एवं लंबित योजनाओं की समीक्षा की गई। जिलाधिकारी ने सभी विभागाध्यक्षों को लंबित कार्यों की कारण सहित आख्या प्रस्तुत करने और अगले 15 दिनों में उनका निस्तारण करने के कड़े निर्देश दिए।

जिलाधिकारी ने निर्माण कार्यों में गुणवत्ता बनाए रखने पर जोर देते हुए कहा कि सभी अधिकारी नियमित रूप से स्थलीय निरीक्षण करें। जन शिकायतों का त्वरित निपटारा और योजनाओं का प्रचार-प्रसार भी सुनिश्चित किया जाए।
जिलाधिकारी ने सभी विभागों एवं कार्यदायी संस्थाओं को अगली समीक्षा बैठक में अद्यतन आंकड़ों और साक्ष्यों के साथ पूर्ण तैयारी के साथ उपस्थित होने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जनहित से जुड़ी योजनाओं में किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

बैठक में मुख्य विकास अधिकारी अरविन्द कुमार पाण्डे, परियोजना निदेशक डीआरडीए शिल्पी पंत,जिला विकास अधिकारी संतोष पंत, जिला अर्थ एवं संख्याधिकारी मुकेश नेगी सहित सभी विभागों के जिला स्तरीय अधिकारी एवं कार्यदायी संस्थाओं के अधिकारी उपस्थित रहे।

ADVERTISEMENTS Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad