किच्छा:अंतरराष्ट्रीय योग दिवस पर पूर्व विधायक राजेश शुक्ला ने दिया योग अपनाने का संदेश..! Ashok gulati एडिटर इन चीफ

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किच्छा:- 12वें अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर पूर्व विधायक राजेश शुक्ला ने क्षेत्र में आयोजित विभिन्न योग कार्यक्रमों में सहभागिता कर योग के प्रति जनजागरूकता का संदेश दिया तथा नागरिकों से योग को अपनी दैनिक दिनचर्या में शामिल करने का आह्वान किया।
सर्वप्रथम उन्होंने देवरिया स्थित पाल सुमेरा कॉलोनी में पतंजलि महिला समिति द्वारा आयोजित योग दिवस कार्यक्रम में सहभागिता की। इस अवसर पर समिति की जिला प्रभारी बहन हंसी बिष्ट द्वारा उन्हें योग आधारित पुस्तक भेंट कर सम्मानित किया गया। इसके उपरांत भारतीय जनता पार्टी किच्छा नगर मंडल के सहयोग से सरदार वल्लभभाई पटेल पार्क में भारतीय योग संस्थान द्वारा आयोजित योग दिवस समारोह में सहभागिता कर योगाभ्यास किया तथा उपस्थित नागरिकों को नियमित योग अपनाने के लिए प्रेरित किया। तत्पश्चात पीएम श्री अटल उत्कृष्ट राजकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय परिसर में योगेन शिक्षा समिति द्वारा आयोजित योग दिवस कार्यक्रम में भी उन्होंने सहभागिता की।
कार्यक्रमों को संबोधित करते हुए पूर्व विधायक राजेश शुक्ला ने सभी क्षेत्रवासियों को 12वें अंतरराष्ट्रीय योग दिवस की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि “करें योग, रहें निरोग” केवल एक नारा नहीं बल्कि स्वस्थ जीवन का मूल मंत्र है। उन्होंने कहा कि योग का अर्थ जोड़ना है और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के प्रयासों से आज योग ने 175 से अधिक देशों को जोड़ने का कार्य किया है। आज पूरा विश्व योग को अपना रहा है, जो भारत की प्राचीन संस्कृति एवं ज्ञान परंपरा की वैश्विक पहचान है। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड योग की जननी है तथा योग के माध्यम से व्यक्ति का शरीर, मन और आत्मा तीनों स्वस्थ एवं संतुलित रहते हैं। नियमित योगाभ्यास से मानसिक तनाव कम होता है, रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ती है तथा अनेक असाध्य रोगों पर भी सकारात्मक प्रभाव पड़ता है। उन्होंने सभी नागरिकों से योग को अपनी दिनचर्या का अभिन्न अंग बनाने की अपील की।
कार्यक्रम के दौरान योग प्रशिक्षकों द्वारा ग्रीवा चालन, स्कंध चालन, कटि चालन, जानु चालन, ताड़ासन, वृक्षासन, पादहस्तासन, अर्धचक्रासन, त्रिकोणासन, दण्डासन, भद्रासन, वज्रासन, उष्ट्रासन, शशकासन, वक्रासन, मकरासन, भुजंगासन, शलभासन, सेतुबंधासन, उत्तानपादासन, पवनमुक्तासन एवं शवासन सहित विभिन्न योगासन कराए गए। साथ ही कपालभाति, नाड़ी शोधन, शीतली एवं भ्रामरी प्राणायाम का अभ्यास भी कराया गया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधियों, सामाजिक कार्यकर्ताओं, योग प्रशिक्षकों एवं नागरिकों ने सहभागिता कर योग के माध्यम से स्वस्थ भारत के निर्माण का संकल्प लिया।

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