ब्रेकिंग चंपावत: शारदा बैराज पर रेड अलर्ट हुआ घोषित ! सुंदर बहादुर ब्यूरो चीफ की रिपोर्ट

खबर शेयर करें -
प्रशांत कुमार – एसडीओ बनबसा यूपी सिंचाई विभाग

चंपावत सुंदर बहादुर की रिपोर्ट ब्यूरो चीफ की रिपोर्ट चंपावत जनपद के पहाड़ी क्षेत्रों में लगातार हो रही बरसात के चलते जनपद के तराई क्षेत्र टनकपुर, बनबसा भारत- नेपाल सीमा पर बहने वाली शारदा नदी उफान पर आ गई है तेजी से बढ़ते शारदा के जलस्तर को देखते हुए बनबसा शारदा बैराज पर रेड अलर्ट घोषित कर दिया गया है।

वीओ- मुख्यमंत्री की विधानसभा चंपावत के सीमांत तराई क्षेत्र टनकपुर बनबसा भारत नेपाल सीमा पर बहने वाली शारदा नदी पहाड़ों पर हो रही बरसात के चलते उफान पर है बीती रात से ही नदी का जलस्तर बढ़ना शुरू हो गया था जोकि बढ़ते बढ़ते अगले दिन 1 लाख क्यूसेक से ज्यादा हो गया जिसको ध्यान में रखते हुए नियमानुसार बनबसा शारदा बैराज पुल पर रेड अलर्ट घोषित कर दिया गया है शारदा बैराज से पास होने वाले पानी की मात्रा एक लाख क्यूसेक से अधिक होने पर शारदा बैराज पुल पर रेड अलर्ट घोषित कर दिया जाता है ऐसे में बैराज पुल के जरिए होने वाले भारत नेपाल यात्रियों के आवागमन को बंद कर दिया जाता है ज्ञात हो कि उत्तराखंड के सीमांत पहाड़ी क्षेत्रों में महाकाली नदी को ही तराई क्षेत्र में पहुंचने के बाद शारदा कहकर पुकारा जाता है आमतौर पर तो पहाड़ों में हाहाकार मचाने वाली महाकाली नदी तराई क्षेत्र में आने पर शांति से बहती है जिसके चलते इसको मां शारदा कहकर पुकारा जाता है परंतु पहाड़ों पर हो रही लगातार वर्षा के चलते एवं नदी में विभिन्न जल धाराओं के मिलने के चलते शारदा नदी इस समय उफान पर है नदी का जलस्तर लगातार बढ़ता जा रहा है जिस को ध्यान में रखते हुए बनबसा शारदा बैराज पर तैनात यूपी सिंचाई विभाग के अधिकारियों ने बैराज पर रेड अलर्ट घोषित कर दिया है बैराज पर तैनात यूपी सिंचाई विभाग के एसडीओ प्रशांत कुमार ने जानकारी देते हुए बताया कि बनबसा बैराज से पास होने वाला (आगे छोड़े जाने वाला) पानी जो कि इस समय 1 लाख 41 हजार क्यूसेक चल रहा है और लगातर बढ़ता जा रहा है आगे जाने पर यूपी के सीमांत पीलीभीत लखीमपुर खीरी जैसे जिलों में बाढ़ के हालात उत्पन्न कर सकता है इस स्थिति को देखते हुए सिंचाई विभाग के द्वारा डाउनस्ट्रीम के जनपदों के अधिकारियों को शारदा बैराज से पानी छोड़े जाने की सूचना दे दी गई है साथ ही हमारे द्वारा लगातार नदी के जल स्तर पर नजर रखी जा रही है।

ADVERTISEMENTS Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad